कक्षा ४ हमारा अद्भुत संसार अध्याय 7 पाठ्य प्रश्न के लिए एनसीईआरटी समाधान

अद्यतन2026-09-19

प्र1.
आप अपनी चकरी में और क्या परिवर्तन कर सकते हैं? क्या आप इसे रंग सकते हैं? आप इसे अलग-अलग कितने प्रकार से रंग सकते हैं?
उत्तर

हाँ, आप इसे रंग सकते हैं — और बहुत-बहुत प्रकार से रंग सकते हैं। पुस्तक में चार प्रकार दिखाए गए हैं।

पुस्तक में दिखाए गए अनुसार गोल चकरी को रंगने के चार प्रकार।

और कौन-से परिवर्तन किए जा सकते हैं:

  • गत्ते को बड़ा या छोटा कीजिए।
  • गत्ते के नीचे लंबी या छोटी टूथपिक लगाइए।
  • गत्ते को किसी नई आकृति में काटिए।
  • ऊपर कागज की एक छोटी झंडी चिपकाइए।
  • चकरी पर नया पैटर्न बनाइए — वलय, बिंदु, धारियाँ या फाँकें।

नमूना उत्तर: मैंने एक चकरी को बारी-बारी दो रंगों से रंगा, एक को चार रंगों से, एक को इंद्रधनुष के सातों रंगों से और एक को केवल बिंदुओं से। इसलिए कोई निश्चित संख्या नहीं है — जितने प्रकार आप सोच सकें, उतने प्रकार से चकरी रंगी जा सकती है।

ऐसा क्यों होता है: रंग से चकरी के घूमने का ढंग नहीं बदलता। इससे केवल यह बदलता है कि घूमते समय हमें क्या दिखाई देता है।
प्र2.
चकरियों को अलग-अलग प्रकार से रंगें, उन्हें घुमाएँ और देखें कि क्या होता है। जब चकरी को अलग-अलग रंगों से रंगा जाता है और फिर घुमाया जाता है तो उस पर लगे रंगों का क्या होता है?
उत्तर

अलग-अलग रंग दिखाई देना बंद हो जाते हैं। वे आपस में मिल जाते हैं और चकरी एक ही रंग की दिखाई देती है।

पुस्तक में दिखाए गए अनुसार गोल चकरी को रंगने के चार प्रकार।
चकरीरुकी हुई होने परतेज घूमते समय
बैंगनी और नीली फाँकेंआठ अलग-अलग फाँकेंपूरी चकरी पर एक हल्का नीला-बैंगनी रंग
पीली और लाल फाँकेंआठ अलग-अलग फाँकेंपूरी चकरी पर एक नारंगी-सा रंग
कई रंग एक साथआठ अलग-अलग रंगएक फीका, हल्का रंग, जो सफेद या धूसर के पास होता है
ऐसा क्यों होता है: चकरी इतनी तेज घूमती है कि हमारी आँखें हर रंग को अलग-अलग नहीं देख पातीं। हमें सारे रंग एक साथ दिखते हैं, इसलिए वे मिलकर एक लगते हैं।
यह कीजिए: पहले चकरी को धीरे घुमाइए, फिर तेज। धीमी गति पर रंग अलग-अलग दिखते हैं और तेज गति पर ही मिलते हैं।
प्र3.
हमारे आस-पास अनेक वस्तुएँ घूमती हैं, जैसे – छत के पंखे और कुम्हार का चाक। आपने और कौन-सी वस्तुएँ घूमते हुए देखी हैं?
उत्तर

हमारे आस-पास बहुत-सी वस्तुएँ घूमती हैं। ये आप प्रतिदिन देख सकते हैं।

कहाँघूमने वाली वस्तुएँ
घर मेंछत का पंखा, मेज का पंखा, मिक्सी का जार, कपड़े धोने की मशीन का ड्रम, घड़ी की सुइयाँ
सड़क परसाइकिल, बस और बैलगाड़ी के पहिये; स्टीयरिंग व्हील
काम मेंकुम्हार का चाक, चरखा, आटा पीसने की चक्की, पवनचक्की
खेल मेंलट्टू, झूला-चकरी (मेरी-गो-राउंड), घूमता हुआ छल्ला, घूमता सिक्का
प्रकृति मेंहवा में घूमता हुआ पत्ता, घूमते हुए गिरने वाला बीज
ऐसा क्यों होता है: ये सभी वस्तुएँ किसी निश्चित केंद्र के चारों ओर गोल-गोल घूमती हैं, ठीक वैसे ही जैसे हमारी गत्ते की चकरी टूथपिक के चारों ओर घूमती है।
क्या आप जानते हैं? चरखे का उपयोग कपास के रेशों को ऐंठकर धागा बनाने के लिए किया जाता है। महात्मा गाँधी ने हाथ से बने कपड़े बनाने के लिए चरखे का उपयोग किया था।
क्या यह उपयोगी रहा?