कक्षा ४ हमारा अद्भुत संसार अध्याय 8 पाठ्य प्रश्न के लिए एनसीईआरटी समाधान

अद्यतन2026-09-19

प्र1.
माँ! यह चित्र बताता है कि यदि हम पुराने कागजों का उपयोग फिर से नए कागज बनाने के लिए करें तो बहुत से पेड़ों को कटने से बचा सकते हैं। पेड़ और कागज एक-दूसरे से कैसे संबंधित हैं?
मेज पर खुला समाचार-पत्र। उस पर छपे चित्र में एक पेड़ दिखाई देता है; यहाँ सरल रेखाचित्र दिया गया है, पूरा चित्र पाठ्यपुस्तक में देखिए।
उत्तर

कागज पेड़ों से बनता है। दोनों का यही संबंध है।

मेज पर खुला समाचार-पत्र। उस पर छपे चित्र में एक पेड़ दिखाई देता है; यहाँ सरल रेखाचित्र दिया गया है, पूरा चित्र पाठ्यपुस्तक में देखिए।

पेड़ को उसकी लकड़ी के लिए काटा जाता है। लकड़ी के छोटे-छोटे टुकड़े करके लकड़ी की लुगदी बनाई जाती है। फिर इस लुगदी को बेलकर पतले पत्रक बनाए जाते हैं। यही पत्रक कागज हैं। इस प्रकार कागज का हर पृष्ठ कभी किसी पेड़ का भाग था।

पेड़ को लकड़ी के लिए काटा जाता है लकड़ी के छोटे-छोटे टुकड़े किए जाते हैं लकड़ी की गीली लुगदी बनती है लुगदी को बेलकर कागज बनाया जाता है
हमारी पुस्तकों का कागज पेड़ से इस प्रकार बनता है।
ऐसा क्यों होता है: कागज बनाने के लिए बहुत सारे पेड़ों, बहुत सारे पानी और बहुत-सी ऊर्जा की आवश्यकता होती है। जब हम पुराने कागज से नया कागज बनाते हैं, तब इतने पेड़ काटने नहीं पड़ते। इसी तरह कागज का पुनर्चक्रण पेड़ों को बचाता है।
प्र2.
अच्छा! तो इसका मतलब यह है कि मेरी कला पुस्तिका बनाने में भी पेड़ों का उपयोग हुआ है?
उत्तर

हाँ। पीहू की कला पुस्तिका भी पेड़ों से ही बनी है।

माँ बताती हैं कि प्रतिदिन उपयोग होने वाली ये वस्तुएँ भी पेड़ों से बनी हैं —

  • उसकी कला पुस्तिका
  • माँ जो समाचार पत्र पढ़ रही हैं
  • पेपर नैपकिन
  • स्कूल परियोजनाओं में उपयोग होने वाले चार्ट पेपर
ऐसा क्यों है: ये सभी वस्तुएँ कागज की हैं और कागज पेड़ों की लकड़ी से बनता है। इसलिए जो वस्तु कागज की है, उसे बनाने में पेड़ का उपयोग हुआ है।
प्र3.
माँ, इसे छूकर देखो! इस पात्र की सतह कागज से बनी हुई लगती है। हालाँकि यह खुरदुरी है, जबकि मेरी कला पुस्तिका के पृष्ठ चिकने हैं।
यही वह पात्र है, जिसे पीहू अपनी माँ से छूकर देखने के लिए कहती है।
उत्तर

माँ बताती हैं कि पात्र खुरदुरा इसलिए लगता है, क्योंकि इसे पुराने कागजों का उपयोग करके बनाया गया है।

यही वह पात्र है, जिसे पीहू अपनी माँ से छूकर देखने के लिए कहती है।

पुनर्चक्रित कागज पुराने कागज को कुचलकर लुगदी बनाकर, हाथ से बेलकर बनाया जाता है। कागज के छोटे-छोटे कण एक समान नहीं फैलते, इसलिए सतह थोड़ी उभरी-उभरी रह जाती है।

कला पुस्तिका के पृष्ठ मिल में लकड़ी की लुगदी से बनते हैं। वहाँ लुगदी बहुत समान रूप से फैलाई जाती है, इसलिए कागज चिकना बनता है।

ऐसा क्यों होता है: वस्तु बनाने का तरीका ही तय करता है कि वह छूने में कैसी लगेगी। हाथ से बनी लुगदी खुरदुरी सतह देती है और मशीन से बनी लुगदी चिकनी सतह।
प्र4.
माँ, क्या हम ऐसा कागज बना सकते हैं?
उत्तर

हाँ, बना सकते हैं। माँ कहती हैं, “हाँ, क्यों नहीं? चलो प्रयास करते हैं!”

नया कागज घर पर ही बनाया जा सकता है। इसके लिए केवल तीन चीजें चाहिए —

  • पुराने समाचार पत्र
  • मेथी के कुछ बीज
  • पानी

पृष्ठ 119 की गतिविधि 1 में इसके पाँच चरण दिए गए हैं।

संकेत: इसके लिए किसी मशीन की आवश्यकता नहीं है। यदि घर पर ग्राइंडर न हो, तो भीगे हुए कागज को हाथों से या सिलबट्टे से भी कुचला जा सकता है।
क्या यह उपयोगी रहा?