कक्षा ५ गणित अध्याय 8 आइए करके देखें के लिए एनसीईआरटी समाधान

अद्यतन2026-09-19

प्र1.
प्रत्येक मापनी या तुला को पढ़िए। उसके नीचे दिए गए स्थान में सही भार को लिखिए। तुला (क) पर ऊपर 0 और फिर 1 कि.ग्रा., 2 कि.ग्रा., 3 कि.ग्रा., 4 कि.ग्रा. अंकित हैं। उत्तर का स्थान है “………… ग्राम”।
उत्तर

सुई 600 ग्राम दर्शा रही है।

पहले यह समझिए कि गोल तुला कैसे काम करती है, फिर यह प्रश्न सरल हो जाएगा।

  1. 0 खोजिए। यह सबसे ऊपर है। सुई सदा 0 से चलकर दाईं ओर (घड़ी की दिशा में) घूमती है।
  2. सबसे बड़ी संख्या देखिए। यहाँ 4 कि.ग्रा. है और वह ठीक 0 के स्थान पर ही लौट आती है। अर्थात सुई का एक पूरा चक्कर = 4 किलोग्राम
  3. एक भाग के छोटे निशान गिनिए। 0 से 1 कि.ग्रा. के बीच 10 छोटे खाने हैं। इसलिए एक छोटा खाना = 1,000 ग्राम ÷ 10 = 100 ग्राम
  4. 0 से सुई तक गिनिए। सुई 500 ग्राम के निशान से एक खाना आगे है — अर्थात 0 से 6 खाने।
  5. गुणा कीजिए। 6 खाने × 100 ग्राम = 600 ग्राम
0 / 4 कि.ग्रा.1 कि.ग्रा.2 कि.ग्रा.3 कि.ग्रा. 6 खाने × 100 ग्राम = 600 ग्राम
एक पूरा चक्कर 4 किलोग्राम का है। 40 छोटे खानों में से हर खाना 100 ग्राम का है।
एक पूरा चक्कर = 4 किलोग्राम
0 से 1 कि.ग्रा. = 10 छोटे खाने
1 खाना = 1,000 ग्राम ÷ 10 = 100 ग्राम
सुई 6वें खाने पर है
पाठ्यांक = 6 × 100 ग्राम = 600 ग्राम
स्वयं जाँचिए: 600 ग्राम आधे किलो से थोड़ा अधिक है, और सुई भी पहले किलोग्राम के आधे निशान से थोड़ी आगे है। दोनों बातें मिलती हैं।
प्र2.
तुला (ख) को पढ़िए। उस पर ऊपर 0, नीचे 1 कि.ग्रा. और फिर ऊपर लौटकर 2 कि.ग्रा. अंकित है। उत्तर का स्थान है “…… कि.ग्रा. ……. ग्राम”।
उत्तर

सुई 1 किलो 800 ग्राम दर्शा रही है।

  1. एक पूरा चक्कर = 2 किलोग्राम, क्योंकि 0 के पास ही 2 कि.ग्रा. लिखा है।
  2. आधा चक्कर (ठीक नीचे) 1 किलोग्राम है — वह निशान नीचे लिखा है।
  3. छोटे खाने गिनिए। 0 से 1 कि.ग्रा. तक 10 खाने हैं, इसलिए एक खाना = 1,000 ग्राम ÷ 10 = 100 ग्राम
  4. सुई 1 कि.ग्रा. के निशान और बाईं ओर से आगे बढ़कर ऊपर-बाईं ओर है। 0 से गिनने पर वह 18वें खाने पर है।
  5. 18 खाने × 100 ग्राम = 1,800 ग्राम = 1 किलो 800 ग्राम
1 खाना = 100 ग्राम
सुई 18वें खाने पर
18 × 100 ग्राम = 1,800 ग्राम
1,800 ग्राम = 1,000 ग्राम + 800 ग्राम = 1 किलो 800 ग्राम
ऐसा क्यों: जैसे ही सुई सबसे नीचे वाला निशान पार करती है, एक पूरा किलोग्राम गिना जा चुका होता है। उसके बाद की गिनती फिर से 0 से होती है — इसीलिए हम कहते हैं 1 किलो और 800 ग्राम।
क्या आपने देखा? इसी पृष्ठ पर अनु की सूची में बाल्टी का भार भी 1 किलो 800 ग्राम है। हो सकता है यह तुला उसी बाल्टी को तौल रही हो।
प्र3.
तुला (ग) को पढ़िए। उस पर ऊपर 0 और फिर 1, 2, 3, 4, 5, 6 कि.ग्रा. अंकित हैं। उत्तर का स्थान है “…… कि.ग्रा. ……. ग्राम”।
उत्तर

सुई 2 किलो 500 ग्राम दर्शा रही है।

  1. एक पूरा चक्कर = 6 किलोग्राम, इसलिए वृत्त 6 बराबर किलोग्राम भागों में बँटा है।
  2. 1 कि.ग्रा. का निशान ऊपर-दाईं ओर, 2 कि.ग्रा. नीचे-दाईं ओर और 3 कि.ग्रा. ठीक नीचे है।
  3. सुई नीचे की ओर थोड़ी दाईं ओर झुकी है — वह 2 कि.ग्रा. और 3 कि.ग्रा. के ठीक बीच में है।
  4. 1 किलोग्राम का आधा 500 ग्राम होता है।
  5. इसलिए पाठ्यांक = 2 कि.ग्रा. + 500 ग्राम = 2 किलो 500 ग्राम
पूरा चक्कर = 6 कि.ग्रा.
सुई 2 कि.ग्रा. और 3 कि.ग्रा. के बीचोंबीच
1 कि.ग्रा. का आधा = 1,000 ÷ 2 = 500 ग्राम
पाठ्यांक = 2 किलो 500 ग्राम (= 2,500 ग्राम)
संकेत: जब सुई दो अंकित निशानों के ठीक बीच रुके तो उत्तर होता है — छोटी संख्या + एक कदम का आधा। यहाँ कदम 1 किलोग्राम का है, इसलिए 500 ग्राम जोड़े।
प्र4.
तुला (घ) को पढ़िए। उस पर ऊपर 0 और फिर 1 कि.ग्रा., 2 कि.ग्रा., 3 कि.ग्रा., 4 कि.ग्रा. अंकित हैं। उत्तर का स्थान है “…… कि.ग्रा. ……. ग्राम”।
उत्तर

सुई 2 किलो 600 ग्राम दर्शा रही है।

  1. यह तुला (क) जैसी ही है: एक पूरा चक्कर = 4 किलोग्राम और एक छोटा खाना = 100 ग्राम
  2. 2 कि.ग्रा. का निशान ठीक नीचे और 3 कि.ग्रा. का निशान बाईं ओर है।
  3. सुई नीचे-बाईं ओर है, 2 कि.ग्रा. के निशान से आगे — इसलिए उत्तर 2 किलो से आरंभ होगा।
  4. 2 कि.ग्रा. के निशान के बाद के खाने गिनिए — सुई 6 खाने आगे है।
  5. 6 × 100 ग्राम = 600 ग्राम। पाठ्यांक = 2 किलो 600 ग्राम
सुई 2 कि.ग्रा. से आगे → 2 किलो
6 और खाने × 100 ग्राम = 600 ग्राम
पाठ्यांक = 2 किलो 600 ग्राम (= 2,600 ग्राम)
ऐसा क्यों: सुई 2 कि.ग्रा. से 3 कि.ग्रा. तक के आधे रास्ते से थोड़ा आगे है। आधा रास्ता 500 ग्राम होता, और यह उससे एक खाना आगे है — इसलिए 600 ग्राम।
प्र5.
तुला (ङ) को पढ़िए। उस पर ऊपर 0 और फिर 250 ग्राम, 500 ग्राम, 750 ग्राम तथा 1 कि.ग्रा. अंकित हैं। उत्तर का स्थान है “……………. ग्राम”।
उत्तर

सुई 150 ग्राम दर्शा रही है।

  1. एक पूरा चक्कर = 1 किलोग्राम = 1,000 ग्राम। यह रसोई की छोटी तुला है, इसलिए यह ग्राम गिनती है।
  2. चार बड़े निशान हैं — 250 ग्राम (दाएँ), 500 ग्राम (नीचे), 750 ग्राम (बाएँ) और 1 कि.ग्रा. (फिर ऊपर)।
  3. सुई ऊपर-दाईं ओर है, इसलिए वह 0 और 250 ग्राम के बीच कहीं है।
  4. 0 से 250 ग्राम के बीच 5 बराबर खाने हैं, इसलिए एक खाना = 250 ÷ 5 = 50 ग्राम
  5. सुई 3 खाने आगे है। 3 × 50 ग्राम = 150 ग्राम
0 / 1 कि.ग्रा.250 ग्राम500 ग्राम750 ग्राम 3 खाने × 50 ग्राम = 150 ग्राम
इस तुला पर पूरा चक्कर केवल 1 किलोग्राम का है, इसलिए हर खाना छोटा — केवल 50 ग्राम।
पूरा चक्कर = 1,000 ग्राम
0 से 250 ग्राम = 5 खाने
1 खाना = 250 ÷ 5 = 50 ग्राम
सुई 3वें खाने पर → 3 × 50 = 150 ग्राम
संकेत: दो तुलाएँ देखने में एक जैसी हो सकती हैं पर उनके अर्थ अलग होते हैं। सुई पढ़ने से पहले सदा तुला पर लिखी संख्याएँ पढ़िए।
प्र6.
तुला (च) को पढ़िए। उस पर ऊपर 0 और फिर 250 ग्राम, 500 ग्राम, 750 ग्राम तथा 1 कि.ग्रा. अंकित हैं। उत्तर का स्थान है “……………. ग्राम”।
उत्तर

सुई 650 ग्राम दर्शा रही है।

  1. यह तुला (ङ) जैसी ही है: एक पूरा चक्कर = 1 किलोग्राम = 1,000 ग्राम और एक खाना = 50 ग्राम
  2. सुई नीचे-बाईं ओर है। वह नीचे वाले 500 ग्राम के निशान को पार कर चुकी है, इसलिए उत्तर 500 ग्राम से अधिक है।
  3. वह बाईं ओर के 750 ग्राम के निशान तक नहीं पहुँची है, इसलिए उत्तर 750 ग्राम से कम है।
  4. 500 ग्राम से आगे गिनने पर सुई 3 खाने आगे है: 3 × 50 = 150 ग्राम।
  5. 500 ग्राम + 150 ग्राम = 650 ग्राम
500 ग्राम से अधिक, 750 ग्राम से कम
500 के बाद 3 खाने × 50 ग्राम = 150 ग्राम
500 + 150 = 650 ग्राम
क्या आपने देखा? इसी पृष्ठ पर अनु की पानी की बोतल का भार भी 650 ग्राम है। अपनी भरी हुई बोतल तौलकर देखिए।
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