प्र1.
प्रकृति की सैर के समय आपके द्वारा एकत्रित किए गए विभिन्न पौधों की पत्तियों को देखें। क्या आपको इन पत्तियों की आकृति और संरचना में भिन्नता दिखती है?
उत्तर
हाँ — बहुत अधिक भिन्नता। हर पत्ती को प्रकाश के सामने रखकर देखिए, अंतर स्पष्ट हो जाएगा।
| किसमें भिन्नता | आप क्या देखते हैं |
|---|---|
| आकृति | घास में लंबी और पतली; गुड़हल में चौड़ी और नुकीली; मनी प्लांट में हृदयाकार; चीड़ में सूई जैसी |
| आकार | तुलसी की नन्ही पत्ती और एक मीटर लंबी केले की पत्ती |
| किनारा | आम में चिकना; तुलसी और गुलाब में दाँतेदार |
| सतह | नीम में चिकनी और चमकदार; कुछ में खुरदरी या रोमयुक्त |
| भागों की संख्या | आम में एक ही फलक; नीम और इमली में एक वृंत पर अनेक पर्णिकाएँ |
| शिराएँ | पत्ती में चलती पतली रेखाएँ — गुड़हल में जाल जैसी, केले और घास में समानांतर |
अंतिम पंक्ति सबसे महत्वपूर्ण क्यों है: आकृति और आकार तो एक ही पौधे की दो पत्तियों में भी बदल जाते हैं — पुरानी पत्ती नई से बड़ी होती है। परंतु किसी पौधे में शिराओं का पैटर्न कभी नहीं बदलता। जो लक्षण स्थिर रहता है, वही समूह बनाने का विश्वसनीय आधार बनता है — इसीलिए अध्याय अब शिरा-विन्यास लेता है।