दृश्य: कक्षा को वार्षिकोत्सव के लिए मिले ₹2,000 खर्च करने का निर्णय लेना है।
भूमिकाएँ — प्रत्येक समूह में 5 मतदाता, 3 उम्मीदवार, 1 निर्वाचन अधिकारी, 1 अध्यक्ष, 3 ‘मंत्री', 1 न्यायाधीश।
- निर्वाचन अधिकारी मतदान की तिथि और नियम घोषित करता है।
- हर उम्मीदवार एक मिनट बोलता है — ‘यदि मैं चुना गया तो यह राशि … पर खर्च करूँगा।'
- प्रत्येक विद्यार्थी एक बार, गुप्त रूप से, पर्ची पर मतदान करता है।
- पर्चियाँ सबके सामने गिनी जाती हैं। विजेता ‘मंत्रिपरिषद' बनाते हैं और पूरी कक्षा ‘विधायिका' बन जाती है।
- प्रस्ताव पर बहस होती है, संशोधन होते हैं और मतदान होता है। बहुमत निर्णय करता है।
- कोई आपत्ति करता है कि नियम तोड़ा गया; न्यायाधीश दोनों पक्ष सुनकर निर्णय देता है — मंत्रियों के विरुद्ध भी।
दृश्य का समापन वाक्य: ‘हम असहमत हुए, हमने मतदान किया और परिणाम स्वीकार किया — और नियम विजेताओं को भी मानने पड़े।'