कुतूहल अध्याय 7 क्रियाकलाप 7.4

अद्यतन2026-09-05

प्र1.
मृदा व जल के तापमान को प्रत्येक 5 मिनट में मापिए और आँकड़ों को तालिका 7.4 में अंकित कीजिए।
उत्तर

दो समान कटोरे — एक आधा मृदा से और दूसरा आधा जल से भरा — प्रत्येक में एक प्रयोगशाला तापमापी लगाकर तेज धूप में साथ-साथ रखे जाते हैं (चित्र 7.6)। किसी खुली धूप वाले दिन प्राप्त सामान्य पाठ्यांक इस प्रकार होंगे।

तालिका 7.4 — गरम होने पर जल और मृदा का तापमान
क्र.सं.समय (मिनट)मृदा का तापमान (°C)जल का तापमान (°C)
1.03030
2.53431
3.103832
4.154133
5.204434
स्वयं जाँचिए: आपके अपने आँकड़े इनसे भिन्न होंगे — वे दिन, स्थान और समय पर निर्भर करते हैं। जो बात समान निकलनी चाहिए वह है प्रवृत्ति: मृदा का स्तंभ जल के स्तंभ से कहीं तेजी से बढ़ता है। अपने अवलोकन स्वयं अंकित कीजिए, इन्हें उतारिए नहीं।
मापते समय सावधानी: प्रत्येक तापमापी का बल्ब मृदा में पूरा दबा हुआ और जल में पूरा डूबा हुआ हो तथा कटोरे के तल या किनारों को स्पर्श न करे — अन्यथा आप मृदा या जल का नहीं, कटोरे का तापमान मापेंगे।
प्र2.
क्या जल एवं मृदा के तापमान में समान समय में समान मात्रा में वृद्धि हुई?
उत्तर

नहीं। समान समय-अंतराल में मृदा के तापमान में जल की तुलना में कहीं अधिक वृद्धि होती है।

ऊपर दिए गए पाठ्यांकों के अनुसार, समान धूप में 20 मिनट पश्चात —

मृदा के तापमान में वृद्धि = 44 °C − 30 °C = 14 °C
जल के तापमान में वृद्धि = 34 °C − 30 °C = 4 °C
ऐसा क्यों होता है: दोनों कटोरों को सूर्य से समान ऊष्मा मिलती है, परंतु जल का तापमान एक डिग्री बढ़ाने के लिए मृदा की तुलना में कहीं अधिक ऊष्मा चाहिए। अतः समान ऊष्मा मृदा में बड़ी वृद्धि और जल में बहुत छोटी वृद्धि करती है।
प्र3.
यदि नहीं, तो इनमें से कौन अधिक तीव्रता से गरम हुआ?
उत्तर

मृदा अधिक तीव्रता से गरम हुई।

यह क्यों महत्वपूर्ण है: यही एक तथ्य आगे के पूरे उपशीर्षक का आधार है। दिन में स्थल (मृदा, बालू, चट्टान) जल की तुलना में शीघ्र गरम होता है — और जैसा पुस्तक आगे बताती है, रात में वह शीघ्र ठंडा भी होता है। यही अंतर तट पर समुद्र समीर और स्थल समीर को जन्म देता है।
क्या आप जानते हैं? इसी गुण के कारण दोपहर में समुद्र-तट की रेत पर नंगे पाँव चलना कठिन हो जाता है जबकि कुछ ही कदम दूर समुद्र का जल तब भी ठंडा लगता है।
प्र4.
20 मिनट में जल और मृदा के तापमान में कितनी वृद्धि हुई?
उत्तर

तालिका 7.4 के नमूना पाठ्यांकों से (दोनों 30 °C से आरंभ हुए) —

मृदा: 44 °C − 30 °C = 14 °C
जल: 34 °C − 30 °C = 4 °C
अंतर = 14 °C − 4 °C = 10 °C

अर्थात समान 20 मिनट और समान धूप में मृदा जल की तुलना में लगभग 10 °C अधिक गरम हुई — मृदा में वृद्धि जल की लगभग तीन से चार गुनी रही।

संकेत: सदैव 20 मिनट के पाठ्यांक में से 0 मिनट का पाठ्यांक घटाइए। यहाँ अंतिम तापमान नहीं, तापमान में हुई वृद्धि महत्वपूर्ण है।
क्या यह उपयोगी रहा? त्रुटि बताएँ