प्र1.
निम्नलिखित प्रश्नों के सटीक उत्तर चुनिए और यह भी बताइए कि आपको ये उत्तर उपयुक्त क्यों लगते हैं? 1. कहानी में हीरा और मोती का आपसी संबंध किस गुण को मुख्य रूप से दर्शाता है? (क) प्रतिस्पर्धा और प्रतिद्वंद्विता (ख) एकता और सहयोग (ग) गर्व और दंभ (घ) विद्रोह और क्रोध
उत्तर
सटीक उत्तर — (ख) एकता और सहयोग।
यह उत्तर क्यों उपयुक्त है: कहानी हीरा-मोती के संबंध को आरंभ से ही ‘भाईचारे’ के रूप में गढ़ती है — “बहुत दिनों साथ रहते-रहते दोनों में भाईचारा हो गया था।” काम बाँटने में भी वे होड़ नहीं करते, बल्कि एक-दूसरे का बोझ उठाना चाहते हैं — “हरएक की यही चेष्टा होती थी कि ज्यादा-से-ज्यादा बोझ मेरी ही गरदन पर रहे।” साँड़ से लड़ते समय दोनों की संगठित रणनीति ही जीत दिलाती है — “साँड़ को भी संगठित शत्रुओं से लड़ने का तजुरबा न था।” और काँजीहौस में मोती अपने बँधे मित्र को छोड़कर भागने से इनकार कर देता है — “हम और तुम इतने दिनों एक साथ रहे हैं। आज तुम विपत्ति में पड़ गए, तो मैं तुम्हें छोड़कर अलग हो जाऊँ?” यही एकता और सहयोग है।
| विकल्प | सही / ग़लत | कारण |
|---|---|---|
| (क) प्रतिस्पर्धा और प्रतिद्वंद्विता | ग़लत | दोनों में होड़ नहीं। सींग मिलाना भी “विग्रह के नाते से नहीं, केवल विनोद के भाव से” होता है — यानी खेल है, स्पर्धा नहीं। |
| (ख) एकता और सहयोग | सही ✓ | भाईचारा, मूक-भाषा से विचार-विनिमय, साँड़ के विरुद्ध संयुक्त योजना, और मित्र के लिए स्वयं मार खाना — सब इसी की ओर संकेत करते हैं। |
| (ग) गर्व और दंभ | ग़लत | दंभ तो कहानी में साँड़ का लक्षण है — “अपने घमंड में भूला हुआ है।” बैलों में स्वाभिमान है, दंभ नहीं। |
| (घ) विद्रोह और क्रोध | ग़लत | विद्रोह और क्रोध कहानी में हैं ज़रूर, पर वे गया और मालकिन के प्रति हैं — हीरा-मोती के आपसी संबंध का गुण नहीं। प्रश्न ‘आपसी संबंध’ पूछ रहा है। |