कक्षा ४ हिंदी अध्याय 1 कविता की बात के लिए एनसीईआरटी समाधान

अद्यतन2026-09-19

प्र1.
(क) घोंसले से संबंधित उपयुक्त वाक्य को चिह्नित कीजिए — • घोंसला पक्षियों का घर होता है। • घोंसला सूखे तिनकों से बनाया जाता है। • पक्षियों का घोंसला केवल पेड़ों पर होता है। • कुछ पक्षियों का घोंसला हमारे घरों में भी होता है।
उत्तर

सही वाक्य तीन हैं —

  • ✔ घोंसला पक्षियों का घर होता है।
  • ✔ घोंसला सूखे तिनकों से बनाया जाता है।
  • पक्षियों का घोंसला केवल पेड़ों पर होता है। — यह वाक्य गलत है।
  • ✔ कुछ पक्षियों का घोंसला हमारे घरों में भी होता है।

कविता से आधार: चिड़िया खुद कहती है — “फिर मेरा घर बना घोंसला, सूखे तिनकों से तैयार।” इसी एक पंक्ति से पहले और दूसरे वाक्य सही सिद्ध हो जाते हैं।

तीसरा वाक्य क्यों गलत है: उसमें ‘केवल’ शब्द है। गौरैया छज्जे और पंखे के पीछे घोंसला बनाती है, बया घास के झुरमुट में लटकाती है, कबूतर रोशनदान में बैठ जाता है। इसलिए घोंसला केवल पेड़ों पर नहीं होता। इसी कारण चौथा वाक्य सही है।
प्र2.
(ख) कविता में ‘अंडे जैसा था आकार’ का प्रयोग निम्नलिखित में से किसके लिए किया गया है — • संसार • आकाश • घर • घोंसला
उत्तर

उत्तर — ‘घर’ और ‘संसार’।

कविता की पंक्तियाँ:
“सबसे पहले मेरे घर का
अंडे जैसा था आकार
तब मैं यही समझती थी
बस इतना-सा ही है संसार।”

  • घर — यह सीधा उत्तर है। ‘मेरे घर का आकार’ कहकर चिड़िया अपने पहले घर, यानी अंडे की बात कर रही है।
  • संसार — यह भी सही है, क्योंकि उस समय चिड़िया उसी छोटे-से घर को पूरा संसार मान रही थी।
बाकी दो क्यों नहीं: ‘आकाश’ का यहाँ कोई ज़िक्र नहीं है। और ‘घोंसला’ इसलिए नहीं, क्योंकि घोंसला तो बाद में बना — अगली पंक्ति ही कहती है “फिर मेरा घर बना घोंसला”।
ध्यान दीजिए: प्रश्न स्वयं कहता है कि एक से अधिक विकल्प सही हो सकते हैं, इसलिए यहाँ दो विकल्पों पर निशान लगाइए।
प्र3.
(ग) ‘तब मैं यही समझती थी / बस इतना-सा ही है संसार’ — इन पंक्तियों में ‘इतना-सा’ का अर्थ है — • बहुत छोटा • बहुत बड़ा • बहुत लंबा • रंग-बिरंगा
उत्तर

उत्तर — बहुत छोटा।

‘इतना-सा’ में ‘सा’ जुड़ने से मात्रा घट जाती है। ‘इतना’ का अर्थ है इस मात्रा का, पर ‘इतना-सा’ का अर्थ हो जाता है बस इतना ही, बहुत थोड़ा

क्यों: चिड़िया अंडे के भीतर थी। उसने अंडे की दीवार के अलावा कुछ देखा ही नहीं था। इसलिए उसे लगा कि संसार बस उतना ही छोटा है। आगे जब वह उड़ी तो वही संसार उसे ‘बहुत बड़ा’ लगने लगा — इसी उलटी बात से सिद्ध होता है कि ‘इतना-सा’ का अर्थ ‘बहुत छोटा’ है।
अपना वाक्य बनाइए: डिब्बे में बस इतना-सा चावल बचा है।
क्या यह उपयोगी रहा?