प्र1.
इस पाठ को पुनः पढ़िए और उन पंक्तियों को चिह्नित कीजिए जिनसे यह भाव निकलता है कि त्योहार मिल-जुलकर मनाए जाते हैं।
उत्तर
पाठ में ऐसी कई पंक्तियाँ हैं। इन्हें चिह्नित कीजिए —
| पंक्ति | पृष्ठ | यह क्या दिखाती है |
|---|---|---|
| “नावों की इस प्रतियोगिता को देखने के लिए हजारों लोग एकत्रित होकर आनंद लेते हैं।” | 90 | हजारों लोग एक साथ आते हैं |
| “प्रत्येक वर्ग के लोग अपनी चिंताओं और दुख-दर्द को भूलकर बहुत धूम-धाम से इस पर्व को मनाते हैं।” | 93 | हर वर्ग के लोग साथ मनाते हैं |
| “घर का हर सदस्य परिवार के मुखिया के हाथों से नए कपड़े लेकर पहनता है।” | 93 | पूरा परिवार एक साथ तैयार होता है |
| “फिर सभी लोग ओणम मनाने की तैयारियों में जुट जाते हैं।” | 93 | तैयारी सब मिलकर करते हैं |
| “ओणम के उपलक्ष्य में विशेष प्रीतिभोज आयोजित किए जाते हैं।” | 94 | सब साथ बैठकर भोजन करते हैं |
| “आरन्मुला नामक स्थान पर नावों की प्रतियोगिता देखने के लिए हजारों लोग इकट्ठे हो जाते हैं।” | 94 | दूर-दूर से लोग इकट्ठे होते हैं |
यह भाव क्यों बनता है: इन सब पंक्तियों में कोई अकेला काम नहीं कर रहा। कहीं ‘हजारों लोग’, कहीं ‘हर सदस्य’, कहीं ‘सभी लोग’ आया है। नौका-दौड़ भी अकेले नहीं होती — एक नाव में बहुत-से लोग साथ खेते हैं। यही सामूहिकता है।