गणित प्रकाश अध्याय 2 आइए, पता लगाएँ

अद्यतन2026-09-05

प्र1.
रिहान ने एक कागज पर एक बिंदु अंकित किया। वह उस बिंदु से जाने वाली कितनी रेखाएँ बना सकता है? शीतल ने एक कागज पर दो बिंदु अंकित किए। वह उन दोनों बिंदुओं से गुजरती हुई कितनी भिन्न रेखाएँ बना सकती है? क्या आप रिहान और शीतल को उनके उत्तर ज्ञात करने में मदद कर सकते हैं?
उत्तर

रिहान अनगिनत (असंख्य) रेखाएँ अपने एक बिंदु से होकर खींच सकता है।

शीतल केवल एक ही रेखा अपने दोनों बिंदुओं से होकर खींच सकती है।

ऐसा क्यों होता है: केवल एक बिंदु दिशा तय नहीं करता। पेंसिल उसी बिंदु पर रखकर रूलर को थोड़ा-सा घुमाइए — हर बार एक नई रेखा मिल जाती है, और घुमाव कितना भी कम रखा जा सकता है। परंतु जैसे ही दूसरा बिंदु तय हो जाता है, दिशा भी तय हो जाती है और रेखा के लिए कोई स्वतंत्रता नहीं बचती।
1 बिंदु से → अनगिनत रेखाएँ
2 बिंदुओं से → ठीक 1 रेखा
स्वयं जाँचिए: कॉपी पर दो बिंदु बनाकर उन पर रूलर रखिए। आप उसे कैसे भी खिसकाएँ या घुमाएँ, दोनों बिंदुओं को छूती हुई केवल एक ही सीधी रेखा बन सकती है।
प्र2.
आकृति 2.4 में दिए गए रेखाखंडों के नाम लिखिए। पाँच अंकित बिंदुओं में से कौन-से केवल एक रेखाखंड पर स्थित हैं? कौन-से बिंदु किन्हीं दो रेखाखंडों पर स्थित हैं?
उत्तर
LMPQR
आकृति 2.4 — चारों रेखाखंड LM, MP, PQ और QR। L तथा R खुले सिरे हैं; M, P और Q जोड़ हैं।

चारों रेखाखंड ये हैं—

LM, MP, PQ तथा QR
बिंदुकिन रेखाखंडों परकितने
LLM1
MLM, MP2
PMP, PQ2
QPQ, QR2
RQR1

केवल एक रेखाखंड पर: L और R। दो रेखाखंडों पर: M, P और Q।

कारण: L और R इस टेढ़े-मेढ़े मार्ग के दो खुले सिरे हैं, इसलिए वहाँ केवल एक ही रेखाखंड पहुँचता है। शेष प्रत्येक बिंदु वह जोड़ है जहाँ दो रेखाखंड मिलते हैं।
प्र3.
आकृति 2.5 में दी गई किरणों के नाम लिखिए। क्या T प्रत्येक किरण का प्रारंभिक बिंदु है?
उत्तर
TABN
आकृति 2.5 — किरणें TA, TB और TN, तीनों T से आरंभ होती हैं, परंतु किरण NB का प्रारंभिक बिंदु N है।

किरणें हैं— TA, TB, TN तथा NB

नहीं, T प्रत्येक किरण का प्रारंभिक बिंदु नहीं है।

  • T, किरण TA, TB तथा TN का प्रारंभिक बिंदु है।
  • किरण NB का प्रारंभिक बिंदु N है, T नहीं।
अक्षरों का क्रम क्यों महत्त्वपूर्ण है: किरण के नाम में पहला अक्षर सदैव प्रारंभिक बिंदु होता है और दूसरा अक्षर उस पर स्थित कोई अन्य बिंदु। इसलिए TB और NB एक ही सीधी राह पर होते हुए भी भिन्न किरणें हैं, क्योंकि उनके प्रारंभिक बिंदु अलग-अलग हैं।
प्र4.
एक कच्ची (rough) आकृति बनाइए और नीचे दिए गए प्रत्येक बिंदु का उपयुक्त नामांकन कीजिए— a. OP और OQ बिंदु O पर मिलते हैं। b. XY और PQ बिंदु M पर प्रतिच्छेद करते हैं। c. रेखा l पर बिंदु E और F स्थित हैं पर बिंदु D स्थित नहीं है। d. बिंदु P, AB पर स्थित है।
उत्तर

चारों स्थितियों की कच्ची आकृतियाँ नीचे दी गई हैं।

OPQa.XYPQMb.EFDlc.ABPd.
(a) से (d) तक चारों स्थितियों की कच्ची आकृतियाँ।
  • a. एक ही प्रारंभिक बिंदु O से दो किरणें खींचिए — एक P से होकर, दूसरी Q से होकर। यही उभयनिष्ठ बिंदु O वह स्थान है जहाँ वे मिलती हैं।
  • b. दो रेखाएँ XY और PQ एक-दूसरे को काटती हुई खींचिए। कटान बिंदु को M नाम दीजिए।
  • c. एक रेखा खींचकर उसे l नाम दीजिए। बिंदु E और F उसी रेखा पर अंकित कीजिए तथा D को रेखा से हटकर।
  • d. एक रेखाखंड AB खींचिए और P को A तथा B के बीच, रेखाखंड पर ही अंकित कीजिए।
सुझाव: कच्ची आकृति सुंदर या मापानुसार होना आवश्यक नहीं है — परंतु नामांकन ठीक वैसा ही होना चाहिए जैसा प्रश्न कहता है। रेखा पर दोनों ओर तीर, रेखाखंड के सिरों पर बिंदु और किरण पर एक तीर लगाइए।
प्र5.
आकृति 2.6 में निम्नलिखित के नाम बताइए— a. पाँच बिंदु b. एक रेखा c. चार किरणें d. पाँच रेखाखंड
उत्तर
DEOBC
आकृति 2.6 — D, E, O और B एक ही रेखा पर हैं; OC, O से खींची गई अलग किरण है।

आकृति में D, E, O और B एक ही सीधी रेखा पर स्थित हैं तथा OC, O से निकली एक अलग किरण है।

भागउत्तर
a. पाँच बिंदुD, E, O, B, C
b. एक रेखाDB (इसे DE, DO, EO, EB या OB भी कह सकते हैं)
c. चार किरणेंOC, OB, OE, OD
d. पाँच रेखाखंडDE, DO, DB, EO, EB (OB तथा OC भी सही हैं)
इतने नाम क्यों संभव हैं: किसी रेखा का नाम उस पर स्थित किन्हीं दो बिंदुओं से रखा जा सकता है, इसलिए D, E, O, B से गुजरने वाली इस एक ही रेखा के कई सही नाम हैं। परंतु किरण के नाम में प्रारंभिक बिंदु पहले आना चाहिए — यहाँ प्रत्येक किरण O से आरंभ होती है।
प्र6.
आकृति 2.7 में OA एक किरण है। यह O से शुरू होती है और बिंदु A से गुजरती है। यह बिंदु B से भी गुजरती है। a. क्या हम इसे OB भी नाम दे सकते हैं? क्यों? b. क्या हम OA को AO लिख सकते हैं? क्यों अथवा क्यों नहीं?
उत्तर
OBA
आकृति 2.7 — O से आरंभ होकर B तथा फिर A से गुजरती एक ही किरण। इसे OA या OB कहा जा सकता है।

a. हाँ, इसी किरण को OB भी कहा जा सकता है।

किरण का नाम उसके प्रारंभिक बिंदु और उस पर स्थित किसी अन्य बिंदु से रखा जाता है। यहाँ प्रारंभिक बिंदु O है और B भी उसी किरण पर स्थित है, जैसे A। अतः OA और OB एक ही किरण के दो नाम हैं।

b. नहीं, OA को AO नहीं लिख सकते।

किरण OAO से आरंभ होकर A की ओर अनंत तक
किरण AOA से आरंभ होकर O की ओर, विपरीत दिशा में
ऐसा क्यों: रेखाखंड में AB और BA एक ही अर्थ रखते हैं, परंतु किरण का एक निश्चित प्रारंभिक बिंदु और एक निश्चित दिशा होती है। अक्षरों का क्रम बदलने पर दोनों बदल जाते हैं। इसलिए OA ≠ AO।
क्या यह उपयोगी रहा? त्रुटि बताएँ