हाँ — वे एक-दूसरे को पूरी तरह ढक लेते हैं, अत: उनका क्षेत्रफल समान है।
एक आयत बनाइए, उसके विकर्ण पर काटिए और एक त्रिभुज को दूसरे पर रखिए (आवश्यकता हो तो घुमा लीजिए)। हर कोना मिल जाता है और कोई भाग बाहर नहीं निकलता।
अत: प्रत्येक आयत का आधा है।
लंबे-पतले आयत, लगभग वर्गाकार आयत और वर्ग — तीनों पर आज़माइए, परिणाम हर बार यही आएगा। वर्ग को विकर्ण पर काटने से दो बराबर समकोण त्रिभुज मिलते हैं।