प्र1.
उन्हें लगाने से पहले उनकी जड़ों और पत्तियों के शिरा-विन्यास का अवलोकन करें। अपने अवलोकनों को तालिका 2.4 में अंकित करें।
उत्तर
विद्यालय की नर्सरी से पौध लाइए, जड़ों की मिट्टी धीरे से धोइए और तालिका 2.4 इस प्रकार भरिए।
| क्रम सं. | पौधे का नाम | पत्तियों के शिरा-विन्यास का प्रकार (जालिकारूपी या समांतर) | जड़ के प्रकार (झकड़ा या मूसला) |
|---|---|---|---|
| 1. | लेमन घास | समांतर | झकड़ा (रेशेदार) |
| 2. | गेंदा | जालिकारूपी | मूसला |
| 3. | सदाबहार | जालिकारूपी | मूसला |
| 4. | तुलसी | जालिकारूपी | मूसला |
| 5. | मक्का का पौधा | समांतर | झकड़ा (रेशेदार) |
ध्यान रखिए: जड़ों का अवलोकन लगाने से पहले कीजिए, उन्हें नम रखिए और तुरंत बाद पौध विद्यालय के उद्यान में लगा दीजिए। क्रियाकलाप का अंत पाँच जीवित पौधों के साथ होना चाहिए, पाँच मरे हुए पौधों के साथ नहीं।
अंतिम दो स्तंभ साथ पढ़िए: जहाँ तीसरे स्तंभ में "समांतर" है, वहाँ चौथे में "झकड़ा"; जहाँ "जालिकारूपी" है, वहाँ "मूसला"। तालिका में एक भी अपवाद नहीं — यही दोहराव खोज है।