प्र1.
क्या आप कक्षा 6 की गणित की पाठ्यपुस्तक में हमने जो पूर्णांकों का टोकन मॉडल देखा था, उसका उपयोग करके व्याख्या कर सकते हैं कि ऐसा क्यों हो रहा है?
उत्तर
पदों की अदला-बदली से मान इसलिए नहीं बदलता क्योंकि मेज़ पर रखे टोकन वही रहते हैं — केवल उन्हें रखने का क्रम बदलता है।
6 + (–4) लीजिए। पहले 6 धनात्मक टोकन रखिए, फिर 4 ऋणात्मक। चार शून्य-युग्म कट जाते हैं, शेष 2 धनात्मक अर्थात 2।
(–4) + 6 लीजिए। पहले 4 ऋणात्मक टोकन रखिए, फिर 6 धनात्मक। वही चार शून्य-युग्म कटते हैं, शेष 2 धनात्मक अर्थात 2।
6 + (–4) = 2 तथा (–4) + 6 = 2
ऐसा क्यों होता है: अंतिम ढेर केवल इस बात पर निर्भर है कि मेज़ पर कौन-से टोकन हैं, इस पर नहीं कि वे किस क्रम में आए। यही जोड़ का क्रमविनिमेयता गुण है।