गणित प्रकाश अध्याय 4 पता लगाइए

अद्यतन2026-09-05

प्र1.
परिमाप के लिए सूत्र लिखिए — (a) समान भुजाओं वाला त्रिभुज (b) एक सम पंचभुज (जैसा कि हम गत वर्ष सीख चुके हैं कि हम ‘सम’ शब्द का उपयोग यह बताने के लिए करते हैं कि सभी भुजाओं की लम्बाई और कोणों के माप समान हैं)। (c) एक सम षट्भुज
उत्तर

प्रत्येक स्थिति में परिमाप, भुजा की लंबाई को भुजाओं की संख्या जितनी बार जोड़ने से मिलता है। मान लीजिए भुजा की लंबाई a इकाई है।

आकारसमान भुजाओं की संख्यापरिमाप का सूत्र
समबाहु त्रिभुज33a
सम पंचभुज55a
सम षट्भुज66a
(a) परिमाप = a + a + a = 3a इकाई
(b) परिमाप = a + a + a + a + a = 5a इकाई
(c) परिमाप = 6a इकाई
ऐसा क्यों होता है: सम बहुभुज में हर भुजा समान लंबाई की होती है। एक ही संख्या को बार-बार जोड़ना ही गुणा है, अतः k समान भुजाओं वाले बहुभुज का परिमाप ka होगा।
प्र2.
मुनिरत्न के पास 20 मी. लंबा पाइप है। यद्यपि उसे उसके बगीचे के लिए एक अधिक लंबे पानी के पाइप की आवश्यकता है। वह इसमें कुछ और लंबाई का एक अन्य पाइप जोड़ता है। पाइप की कुल लंबाई के लिए व्यंजक दीजिए। अन्य पाइप की लंबाई को मीटर में दर्शाने के लिए अक्षर-संख्या ‘k’ का उपयोग कीजिए।
उत्तर

दो पाइपों को सिरे से सिरा जोड़ने पर लंबाइयाँ जुड़ जाती हैं।

कुल लंबाई = 20 + k
= (20 + k) मीटर
स्वयं जाँचिए: यदि दूसरा पाइप 15 मी. का हो तो k = 15 एवं कुल 20 + 15 = 35 मी.। यदि 8 मी. का हो तो कुल 28 मी. — एक ही व्यंजक हर स्थिति सँभाल लेता है।
प्र3.
यदि कृतिका के पास ₹100, ₹20 एवं ₹5 के निम्नलिखित संख्या में नोट हैं तो बताइए उसके पास कुल कितने रुपये हैं? दी गई सारणी पूर्ण कीजिए — (पंक्तियाँ — 3, 5, 6 | 6 × 100 + 4 × 20 + 3 × 5 = 695 | 8, 4, z | x, y, z)
उत्तर

प्रत्येक पंक्ति में वही नियम लगता है — (₹100 के नोटों की संख्या × 100) + (₹20 के नोटों की संख्या × 20) + (₹5 के सिक्कों की संख्या × 5)।

₹100 के नोटों की संख्या₹20 के नोटों की संख्या₹5 के सिक्कों की संख्याव्यंजक और कुल राशि
3563 × 100 + 5 × 20 + 6 × 5 = 430
6436 × 100 + 4 × 20 + 3 × 5 = 695
84z8 × 100 + 4 × 20 + z × 5 = 880 + 5z
xyzx × 100 + y × 20 + z × 5 = 100x + 20y + 5z
पंक्ति 1: 300 + 100 + 30 = ₹430
पंक्ति 2: 600 + 80 + 15 = ₹695
पंक्ति 3: 800 + 80 + 5z = ₹(880 + 5z)
पंक्ति 4: ₹(100x + 20y + 5z)
ऐसा क्यों होता है: अंतिम पंक्ति ही सामान्य सूत्र है। उसमें x = 8, y = 4 रखिए तो 800 + 80 + 5z मिलता है — ठीक तीसरी पंक्ति। ऊपर की सभी पंक्तियाँ उसी व्यंजक की विशेष स्थितियाँ हैं।
प्र4.
वेंकटलक्ष्मी की एक आटा चक्की है। रोलर मिल को शुरू होने में 10 सेकंड लगते हैं। एक बार शुरू हो जाने पर अनाज के प्रत्येक किलोग्राम को आटे के रूप में पीसने में 8 सेकंड लगते हैं। यह मानते हुए कि प्रारंभ में मशीन बंद थी, नीचे दिए गए व्यंजकों में से कौन-सा व्यंजक y किलोग्राम अनाज को पूर्णतया पीसने में लगने वाले समय को दर्शाता है? (a) 10 + 8 + y (b) (10 + 8) × y (c) 10 × 8 × y (d) 10 + 8 × y (e) 10 × y + 8
उत्तर

सही उत्तर (d) 10 + 8 × y है।

चालू होने का समय = 10 सेकंड (केवल एक बार)
पीसने का समय = प्रत्येक कि.ग्रा. के लिए 8 सेकंड = 8 × y
कुल = 10 + 8y सेकंड
ऐसा क्यों होता है: चालू होने के 10 सेकंड केवल एक बार लगते हैं, अनाज कितना भी हो — इसलिए इसे जोड़ा जाता है, गुणा नहीं किया जाता। 8 सेकंड हर किलोग्राम पर दोहराए जाते हैं, इसलिए उसे y से गुणा किया जाता है।
स्वयं जाँचिए: y = 5 कि.ग्रा. के लिए समय = 10 + 40 = 50 से.। विकल्प (b) से 90 से. और (c) से 400 से. आता — दोनों बहुत अधिक।
प्र5.
अपनी पसंद के अक्षर का उपयोग करके बीजगणितीय व्यंजक लिखिए। (a) एक संख्या से 5 अधिक (b) एक संख्या से 4 कम (c) एक संख्या के 13 गुना से 2 कम (d) एक संख्या के 2 गुना से 13 कम
उत्तर

मान लीजिए संख्या n है।

शब्दों मेंव्यंजक
(a) एक संख्या से 5 अधिकn + 5
(b) एक संख्या से 4 कमn – 4
(c) एक संख्या के 13 गुना से 2 कम13n – 2
(d) एक संख्या के 2 गुना से 13 कम2n – 13
ऐसा क्यों होता है: (c) एवं (d) में वही दो संख्याएँ हैं, किंतु उनकी भूमिकाएँ उलटी हैं। n = 10 के लिए 13n – 2 = 128 है जबकि 2n – 13 = 7। वाक्य को ध्यान से पढ़िए — ‘गुना’ बताता है किससे गुणा करना है, ‘कम’ बताता है अंत में क्या घटाना है।
प्र6.
निम्नलिखित बीजगणितीय व्यंजकों की संगत स्थितियों का वर्णन कीजिए — (a) 8 × x + 3 × y (b) 15 × j – 2 × k
उत्तर

(a) 8 × x + 3 × y

एक दुकान पर एक पेन ₹x का एवं एक कॉपी ₹y की है। आभा 8 पेन एवं 3 कॉपियाँ खरीदती है। उसका कुल बिल 8x + 3y रुपये होगा।

(b) 15 × j – 2 × k

एक बढ़ई प्रतिदिन 15 स्टूल बनाता है और j दिन काम करता है, अतः वह 15j स्टूल बनाता है। उनमें से k दिनों में 2-2 स्टूल टूट जाते हैं। शेष अच्छे स्टूल 15j – 2k होंगे।

प्रयास करें: एक ही व्यंजक पर कई कहानियाँ बनती हैं। 8x + 3y के लिए क्रिकेट की एक कहानी लिखिए — मान लीजिए हर चौके पर x रन एवं हर छक्के पर y रन।
प्र7.
यदि किसी कैलेंडर के महीने में चित्र में दर्शाए अनुसार दिनांकों से भरी कोई 2 × 3 जाल चुनी जाती है तो खाली बक्सों में दिनांकों के लिए व्यंजक लिखिए यदि नीचे की पंक्ति में मध्य कक्ष में दिनांक ‘w’ हो।
उत्तर

कैलेंडर में एक कदम दाईं ओर जाने पर 1 जुड़ता है एवं एक कदम ऊपर जाने पर 7 घटता है। नीचे की पंक्ति के मध्य कक्ष w से आरंभ कीजिए —

w – 8w – 7w – 6
w – 1ww + 1
w के बाईं ओर = w – 1, दाईं ओर = w + 1
ठीक w के ऊपर = w – 7
ऊपर-बाएँ = w – 7 – 1 = w – 8
ऊपर-दाएँ = w – 7 + 1 = w – 6
ऐसा क्यों होता है: कैलेंडर की एक पंक्ति में 7 दिन होते हैं, अतः किसी भी दिनांक के ठीक ऊपर वाला कक्ष उससे 7 कम होता है।
स्वयं जाँचिए: चित्र में चिह्नित जाल 12, 13, 14 के नीचे 19, 20, 21 है। यहाँ w = 20, अतः w – 1 = 19, w + 1 = 21, w – 7 = 13, w – 8 = 12 एवं w – 6 = 14। सभी मान मिलते हैं।
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