प्र1.
उदाहरण 1 — चित्र 5.26 में समांतर रेखाएँ l व m तिर्यक रेखा t द्वारा प्रतिच्छेद की जाती हैं। यदि ∠6 का माप 135° हो तो अन्य कोणों का माप क्या होगा?
उत्तर
∠6 = 135° से आरंभ करके पूरे चित्र में चलिए।
∠2 = ∠6 = 135° (संगत कोण, l ∥ m)
∠8 = ∠6 = 135° (शीर्षाभिमुख)
∠4 = ∠8 = 135° (संगत)
∠2 = ∠4 = 135° (शीर्षाभिमुख) ✔
∠5 + ∠6 = 180° (रैखिक युग्म)
∠5 = 180° – 135° = 45°
इसी प्रकार ∠1 = ∠3 = ∠7 = 45°
∠8 = ∠6 = 135° (शीर्षाभिमुख)
∠4 = ∠8 = 135° (संगत)
∠2 = ∠4 = 135° (शीर्षाभिमुख) ✔
∠5 + ∠6 = 180° (रैखिक युग्म)
∠5 = 180° – 135° = 45°
इसी प्रकार ∠1 = ∠3 = ∠7 = 45°
| कोण | माप |
|---|---|
| ∠2, ∠4, ∠6, ∠8 | 135° |
| ∠1, ∠3, ∠5, ∠7 | 45° |
ऐसा क्यों होता है: जब तिर्यक रेखा समांतर रेखाओं को काटती है तो केवल दो माप बन सकते हैं और उनका योग 180° होना चाहिए। यहाँ वे 135° और 45° हैं, तथा 135 + 45 = 180 ✔