प्र1.
“बुखार आ गया।” मैंने कराहते हुए कहा।
उत्तर
कौन बोल रहा है: बहाना बनाने वाला बच्चा, रजाई में लेटे-लेटे, जब नानाजी पूछते हैं “क्या हो गया?”
अभिनय कैसे करें —
- आवाज: बहुत धीमी और लड़खड़ाती हुई; ‘आ गया’ को खींचकर बोलिए — “बुऽखाऽर… आ गया।”
- कराहना: बोलने से पहले हल्की-सी “उँह…” की आवाज निकालिए, यही ‘कराहते हुए’ का अर्थ है।
- मुद्रा: लेटे हुए, माथे पर हाथ, आँखें आधी बंद, शरीर ढीला।
- चेहरा: भौंहें सिकुड़ी हुई, पर एक क्षण के लिए आँख खोलकर देखिए कि सुनने वाले ने विश्वास किया या नहीं — इसी झलक से दर्शकों को हँसी आएगी।
टिप: यहाँ असली मजा “झूठे दर्द” में है — दर्द दिखाना जरा-सा ज्यादा हो जाए तो हास्य अपने आप बन जाता है।