प्र1.
प्रत्येकस्मात् ....................... पूर्वम् एकः मन्त्रः भवति ।
उत्तर
प्रत्येकस्मात् सूर्यनमस्कारात् पूर्वम् एकः मन्त्रः भवति ।
[हर सूर्यनमस्कार से पहले एक मन्त्र होता है।]
रिक्तस्थान कैसे पकड़ा: ‘प्रत्येकस्मात्’ और ‘पूर्वम्’ दोनों पञ्चमी विभक्ति की माँग करते हैं (‘पूर्वम्’ के योग में पञ्चमी आती है), इसलिए भरने वाला पद भी पञ्चमी एकवचन में ही होगा — सूर्यनमस्कारात्, न कि ‘सूर्यनमस्कारः’।