कुतूहल अध्याय 10 क्रियाकलाप 10.2: आइए, जाँच करें (निदर्शन क्रियाकलाप)

अद्यतन2026-09-05

प्र1.
एक पत्ती को नरम करने के लिए 5 मिनट तक पानी में उबालिए। एक परखनली में एल्कोहॉल लें और उसमें पत्ती को डुबाइए। उबलते हुए जल वाले बीकर में परखनली को रखिए। पत्ती के वर्ण-विहीन होने तक प्रतीक्षा कीजिए [चित्र 10.2 (क)]। पत्ती को बाहर निकाल लीजिए और उसे एक प्लेट पर रख दीजिए। अब एक बिंदुपाती (ड्रॉपर) की सहायता से वर्णविहीन पत्ती पर आयोडीन के तनुकृत विलयन की कुछ बूँदें डालिए [चित्र 10.2 (ख)]। कुछ मिनट प्रतीक्षा कीजिए और अवलोकन कीजिए।
उत्तर

अवलोकन: वर्णविहीन होने के बाद हल्की क्रीम रंग की दिखने वाली पत्ती, आयोडीन पड़ते ही नीली-काली हो जाती है। यह पत्ती में मंड की उपस्थिति को इंगित करता है।

प्रत्येक चरण का उद्देश्य —

चरणइसका उद्देश्य
5 मिनट तक उबलते पानी में रखनापत्ती नरम हो जाती है जिससे एल्कोहॉल और आयोडीन उसमें सरलता से प्रवेश कर सकें
परखनली में एल्कोहॉल, परखनली को उबलते जल में रखनागरम एल्कोहॉल हरे पर्णहरित को घोल कर निकाल देता है — पत्ती वर्णविहीन हो जाती है
पत्ती पर आयोडीन का तनुकृत विलयनआयोडीन मंड के साथ नीला-काला रंग देता है — यही पत्ती में भंडारित भोजन की जाँच है
सावधानी: एल्कोहॉल को कदापि ऊष्मा के स्रोत के पास नहीं रखें क्योंकि यह अत्यधिक ज्वलनशील द्रव पदार्थ होता है और सरलता से आग पकड़ सकता है और जला सकता है। इसीलिए एल्कोहॉल वाली परखनली को उबलते जल के बीकर में रख कर परोक्ष रूप से गरम किया जाता है और यह क्रियाकलाप शिक्षक द्वारा ही निदर्शित किया जाता है।
यह क्यों महत्त्वपूर्ण है: नीली-काली पत्ती इस बात का सीधा प्रमाण है कि पत्ती ने स्वयं भोजन बनाकर भंडारित किया। यही परीक्षण क्रियाकलाप 10.3 और 10.4 में फिर प्रयोग होता है ताकि पता चले कि प्रकाश संश्लेषण के लिए और क्या-क्या अनिवार्य है।
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