प्र1.
अब तक हमने जिन परिवर्तनों पर चर्चा की है या जिनके विषय में वार्तालाप किया है उन पर पुनः विचार कीजिए। इनमें से हम किस वस्तु या पदार्थ को पुनः उसी स्वरूप में वापस ला सकते हैं जिस रूप से हमने क्रियाकलाप आरंभ किया था? अपने अवलोकनों को तालिका 5.2 में अभिलेखित कीजिए।
उत्तर
इस अध्याय में चर्चा किए गए बारह परिवर्तनों के साथ पूरी की गई तालिका 5.2 नीचे दी गई है।
| क्र.सं. | परिवर्तन | क्या पदार्थ को मूल स्थिति में पुनः लाया जा सकता है (हाँ/नहीं) | कैसे, अथवा क्यों नहीं |
|---|---|---|---|
| 1. | बर्फ के टुकड़ों का पिघलना | हाँ | जल को पुनः शीतक में रखकर जमा दीजिए |
| 2. | सब्जियाँ काटना | नहीं | कटे टुकड़े पुनः जोड़े नहीं जा सकते |
| 3. | जल का उबलना | हाँ | वाष्प को संघनित कर पुनः जल बनाइए |
| 4. | मक्का से पॉपकॉर्न बनाना | नहीं | नए पदार्थ बन चुके हैं; दाना नष्ट हो गया |
| 5. | कागज को मोड़कर वस्तुएँ बनाना | हाँ | तहें खोलिए, वही कागज पुनः मिल जाता है |
| 6. | गुब्बारा फुलाना | हाँ | वायु बाहर निकाल दीजिए |
| 7. | फुलाए हुए गुब्बारे का फटना | नहीं | फटी रबर पुनः पूरी नहीं की जा सकती |
| 8. | चॉक का चूरा करना | नहीं | चूरे को दबाकर पुनः छड़ नहीं बनाई जा सकती |
| 9. | चुकंदर के रस का जल में मिलना | हाँ | जल वाष्पित कर दीजिए, रंजक पदार्थ शेष रह जाता है |
| 10. | चूने के पानी में वायु फूँकना | नहीं | एक नया पदार्थ कैल्सियम कार्बोनेट बन चुका है |
| 11. | मैग्नीशियम रिबन का जलना | नहीं | श्वेत मैग्नीशियम ऑक्साइड पुनः रिबन नहीं बन सकता |
| 12. | लोहे की कील में जंग लगना | नहीं | एक नया पदार्थ आयरन ऑक्साइड बन चुका है |
ऐसा क्यों होता है: “नहीं” वाली पंक्तियाँ देखिए। क्रमांक 4, 10, 11 और 12 रासायनिक परिवर्तन हैं — पुराना पदार्थ अब है ही नहीं। क्रमांक 2, 7 और 8 भौतिक परिवर्तन हैं जो फिर भी अनुत्क्रमणीय हैं, क्योंकि टुकड़ों को व्यावहारिक रूप से पुनः जोड़ा नहीं जा सकता। दोनों प्रकार के कारण किसी परिवर्तन को स्थायी बना सकते हैं।