प्र1.
विकर्ण बनाने के लिए समान लंबाई के दो रबड़ बैंड को एक-दूसरे पर लंबवत रूप में व्यवस्थित कीजिए। इसके साथ सिरों को जोड़िए। आपको जो चतुर्भुज प्राप्त हुआ वह किस प्रकार का है? अपने उत्तर की पुष्टि कीजिए।
उत्तर
आपको एक वर्ग प्राप्त होता है।
जियोबोर्ड पर दोनों बैंड कीलों के बीच इस प्रकार तने होते हैं कि वे बीच वाली कील पर कटते हैं — अर्थात प्रत्येक बैंड दूसरे द्वारा आधा-आधा बँट जाता है।
विकर्ण समान ✓ + एक-दूसरे को समद्विभाजित ✓ ⇒ चारों कोण 90° (निगमन 3)
विकर्ण 90° पर मिलते हैं ✓ ⇒ चारों भुजाएँ समान (निगमन 5)
⇒ वर्ग
विकर्ण 90° पर मिलते हैं ✓ ⇒ चारों भुजाएँ समान (निगमन 5)
⇒ वर्ग
चारों भुजाएँ समान क्यों निकलती हैं: केंद्र पर बने चारों छोटे त्रिभुजों की दोनों भुजाएँ समान लंबाई (बैंड का आधा भाग) की हैं और उनके बीच समकोण है। अत: वे SAS से सर्वांगसम हैं, और उनके कर्ण — जो आकृति की चारों भुजाएँ हैं — समान होने ही चाहिए।
स्वयं जाँचिए: यदि प्रत्येक बैंड 6 इकाई लंबा हो, तो प्रत्येक आधा भाग 3 इकाई का है और वर्ग की प्रत्येक भुजा √(3² + 3²) = 3√2 ≈ 4.24 इकाई होगी।