अन्वेषण अध्याय 4 पाठ्य प्रश्न

अद्यतन2026-09-05

प्र1.
ऐसे अभियानों के लिए उन राष्ट्रों को किसने प्रेरित किया?
उत्तर

चार बातों ने, और अध्याय उन्हें महत्व के क्रम में रखता है।

  1. यूरोपीय शक्तियों के बीच राजनैतिक प्रतिस्पर्धा। यह सबसे पहले आती है। स्पेन, पुर्तगाल, ब्रिटेन, फ्रांस और नीदरलैंड की आपसी होड़ ने भौगोलिक विस्तार तथा वैश्विक प्रभाव के लिए प्रतिस्पर्धा उत्पन्न कर दी — एक शक्ति ने कोई तट लिया तो प्रतिद्वंद्वी को अगला चाहिए था।
  2. आर्थिक लाभ। विस्तार से नए प्राकृतिक संसाधन, नए बाजार और नए व्यापार मार्ग मिलते थे — और, अध्याय जोड़ता है, प्रायः लूट भी
  3. धर्मांतरण। स्थानीय जनसंख्या का ईसाई धर्म में परिवर्तन “एक अन्य प्रबल प्रेरणा” थी।
  4. वैज्ञानिक जिज्ञासा। “एक अपेक्षाकृत गौण किंतु महत्वपूर्ण कारण” — अज्ञात भूभागों का अन्वेषण कर पृथ्वी के भौगोलिक स्वरूप एवं प्राकृतिक इतिहास का ज्ञान संचित करने की अभिलाषा।
यह क्रम क्यों महत्वपूर्ण है : पहले दो कारण हिंसा को समझाते हैं। अध्याय ने अभी-अभी कहा है कि ये विजय अभियान “प्राय: सैन्य बल से संपन्न होते थे, जिसमें मूल निवासियों का नरसंहार अथवा दासत्व सम्मिलित था”। जिज्ञासा किसी राज्य से नरसंहार नहीं कराती; संपदा और सत्ता की होड़ कराती है। अंतिम दो कारण वास्तविक अवश्य थे, किंतु वे औचित्य भी बने — बाजारों के लिए की गई विजय को बाद में आत्माओं के उद्धार या ज्ञान-वृद्धि का अभियान कहा जा सकता था।
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