प्र1.
सुन्दरसुरभाषा कस्य वचनातीता ?
उत्तर
उत्तरम् — मम (कवेः)।
श्लोक १ की पङ्क्ति — “अयि मातस्तव पोषणक्षमता मम वचनातीता”। अर्थात् संस्कृतभाषा की पोषण-क्षमता कवि की वाणी से परे है।
हिन्दी अर्थ: ‘मेरे’ — यहाँ ‘मैं’ अर्थात् गीत गाने वाला कवि। वह कहता है कि माता संस्कृत की पालन-शक्ति इतनी बड़ी है कि मेरे शब्द उसका वर्णन नहीं कर सकते।
व्याकरण-सङ्केतः: मम — अस्मद् शब्द की षष्ठी विभक्ति, एकवचन। प्रश्न में ‘कस्य’ भी षष्ठी एकवचन है — प्रश्नवाचक और उत्तर की विभक्ति सदा एक ही रहती है। यही परखने के लिए यह प्रश्न बना है।