कक्षा ८ विज्ञान अध्याय 2 क्रियाकलाप 2.7 के लिए एनसीईआरटी समाधान

अद्यतन2026-09-19

प्र1.
2–3 सप्ताह पश्चात इसमें हुए परिवर्तनों का अवलोकन कीजिए। क्या आपको पात्र में रखी सामग्री में कोई अंतर दिखाई देता है?
उत्तर

हाँ। फलों और सब्जियों के छिलके अब पहचाने ही नहीं जाते — वे गहरे रंग के पदार्थ में परिवर्तित हो गए हैं।

2–3 सप्ताह पश्चात आप देखेंगे —

  • छिलकों का मूल रंग और आकार समाप्त हो गया है और वे गहरे रंग का भुरभुरा पदार्थ बन गए हैं।
  • पात्र की सामग्री का कुल आयतन घट गया है।
  • अब सड़े फल की नहीं, मिट्टी जैसी गंध आती है।

यह गहरे रंग का पदार्थ खाद है। यह पोषक तत्वों से भरपूर होती है और मिट्टी की उर्वरता बढ़ाने में सहायक होती है।

संकेत: पात्र को छायादार स्थान पर रखिए और उसे हल्का नम रहने दीजिए, जलमग्न नहीं। पुस्तक कहती है कि खाद का निर्माण इष्टतम तापमान और उचित नमी के स्तर पर होता है — बहुत सूखा हो तो प्रक्रिया रुक जाती है और बहुत गीला हो तो वायु भीतर नहीं पहुँच पाती।
प्र2.
परंतु फलों और सब्जियों के छिलके खाद में कैसे परिवर्तित हो गए?
उत्तर

यह कार्य उद्यान की मृदा में पहले से रह रहे सूक्ष्मजीवों ने किया। क्रियाकलाप 2.6 में आपने देखा कि मिट्टी में विभिन्न प्रकार के सूक्ष्मजीव होते हैं। इनमें से कुछ — कवक और जीवाणु — पादप अपशिष्ट पर क्रिया करते हैं एवं धीरे-धीरे उसे सरल, पोषक तत्वों से भरपूर खाद में परिवर्तित कर देते हैं।

छिलके, पत्तियाँ,मृत पदार्थ मृदा के कवकऔर जीवाणु ताप + नमी + वायु खाद — सरल,पोषक-समृद्ध पोषक तत्व मिट्टी में लौटते हैं, पौधे पुन: उपयोग करते हैं
विघटन — सूक्ष्मजीव जटिल पादप अपशिष्ट को सरल पोषक तत्वों में बदल देते हैं जो मिट्टी में लौट जाते हैं (चित्र 2.10)।
ऐसा क्यों होता है: ये छिलके इन सूक्ष्मजीवों का भोजन हैं। इस भोजन का उपयोग करने के लिए उन्हें पादप अपशिष्ट के जटिल पदार्थों को पहले सरल पदार्थों में तोड़ना पड़ता है जो पोषक तत्वों से समृद्ध होते हैं — यही प्रक्रिया विघटन कहलाती है। उनके भोजन लेने के पश्चात जो शेष रहता है वही गहरे रंग की, पोषक-समृद्ध खाद है। ये पोषक तत्व फिर मिट्टी में घुल जाते हैं और पौधों के उत्तम विकास में सहायता करते हैं।
क्या आप जानते हैं? इसीलिए माली सूखे पत्तों और पादप अपशिष्ट को एकत्र करके गड्ढों में डालते हैं — प्राकृतिक खाद बनाने के लिए। ये उपयोगी जीवाणु गोबर जैसे जंतु अपशिष्टों को भी विघटित कर सकते हैं।
क्या यह उपयोगी रहा?