कुतूहल अध्याय 2 क्रियाकलाप 2.9

अद्यतन2026-09-05

प्र1.
काँच के कटोरों में रखे दूध में होने वाले परिवर्तनों का अवलोकन कीजिए। अपने अनुमान और अवलोकन तालिका 2.4 में लिखिए।
उत्तर

कटोरा ‘क’ (गुनगुना दूध, गरम स्थान पर) दही में जम जाता है; कटोरा ‘ख’ (ठंडा दूध, रेफ्रिजरेटर में) तरल ही रहता है। तालिका 2.4 इस प्रकार भरी जाएगी —

दूध के स्वरूप में होने वाला परिवर्तनदूध के रंग में होने वाला परिवर्तनसंभावित कारण
कटोरा ‘क’कटोरा ‘ख’कटोरा ‘क’कटोरा ‘ख’
अनुमानगाढ़ा होकर जम जाएगातरल ही रहेगाविशेष परिवर्तन नहींकोई परिवर्तन नहींगरम स्थान पर दही शीघ्र जमता है
अवलोकनदूध दही में परिवर्तित हो गया है — गाढ़ा और जमा हुआ, स्वाद में थोड़ा खट्टा; किनारे पर कुछ साफ़ तरल अलग हो सकता हैदूध दही में परिवर्तित नहीं हुआ; अब भी तरल है, परंतु हल्का खट्टा हो सकता हैश्वेत ही रहता है, कुछ अधिक अपारदर्शी दिखता हैकोई परिवर्तन नहीं — अब भी श्वेतमिलाए गए दही का लैक्टोबैसिलस गुनगुने दूध में शीघ्रता से गुणन करके उसका किण्वन कर देता है; ठंड में वही जीवाणु बहुत धीमी वृद्धि करते हैं
संकेत: जो एक चम्मच दही आप मिलाते हैं वह जामन है — वह दूध का कोई अवयव नहीं, जीवित जीवाणुओं की आपूर्ति है। इसीलिए ताज़े, जीवित जामन से दूध जम जाता है जबकि बहुत पुराने, अधिक खट्टे जामन से प्राय: नहीं जमता।
प्र2.
क्या आप जानते हैं कि ऐसा क्यों होता है?
उत्तर

इसका कारण है वह एक चम्मच दही जो आपने मिलाया, और यह तथ्य कि उसके जीवाणु केवल गरमाहट में ही कार्य कर पाते हैं।

  1. दही में अनेक प्रकार के जीवाणु होते हैं। उनमें से एक लैक्टोबैसिलस है।
  2. यह जीवाणु दूध में विद्यमान शर्करा (लैक्टोज) से भोजन प्राप्त करता है और गुणन करता है।
  3. भोजन लेते समय यह दूध का किण्वन करके दही बनाता है। खमीर की भाँति एल्कोहल बनाने के बजाय ये जीवाणु लैक्टिक अम्ल बनाते हैं।
  4. लैक्टिक अम्ल ही दही को खट्टा करता है, और वही दूध को तरल रहने के बजाय गाढ़ा करके जमा भी देता है।
  5. ये जीवाणु गरम स्थितियों में अच्छी तरह पनपते हैं। इसीलिए कटोरा ‘क’ में दही बनता है, परंतु कटोरा ‘ख’ में नहीं।
कटोरा ‘ख’ केवल हल्का खट्टा क्यों होता है: जीवाणु कटोरा ‘ख’ में भी हैं — आपने वही एक चम्मच दही उसमें भी मिलाया था। रेफ्रिजरेटर उन्हें मारता नहीं; केवल इतना धीमा कर देता है कि कुछ घंटों में वे बहुत कम अम्ल बना पाते हैं। बहुत लंबे समय बाद रेफ्रिजरेटर का दूध भी खट्टा हो जाता है, इसीलिए दूध को फ्रिज में भी अनिश्चित काल तक नहीं रखा जाता।
दोनों क्रियाकलापों की तुलना कीजिए: खमीर (कवक) और लैक्टोबैसिलस (जीवाणु) — दोनों ऊर्जा के लिए एक शर्करा को विघटित करते हैं। खमीर पीछे कार्बन डाइऑक्साइड और थोड़ा एल्कोहल छोड़ता है, अत: आटा फूलता है। लैक्टोबैसिलस लैक्टिक अम्ल छोड़ता है, अत: दूध जमता है और खट्टा होता है। विचार वही, उपोत्पाद भिन्न।
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