प्र1.
क्या अब आप यह बता सकते हैं कि कौन-सा विलयन अधिक सांद्रित है— 100 mL जल में 2 चम्मच नमक या 50 mL जल में 4 चम्मच नमक को घोल कर बनाया गया विलयन?
उत्तर
50 mL में 4 चम्मच वाला विलयन — और वह भी चार गुना।
सांद्रता का अर्थ है विलयन की निश्चित मात्रा में उपस्थित विलेय की मात्रा, अतः तुलना से पहले दोनों को एक ही आयतन पर लाइए।
पहला विलयन: 100 mL में 2 चम्मच
दूसरा विलयन: 50 mL में 4 चम्मच = 2 × 50 mL में 2 × 4 चम्मच = 100 mL में 8 चम्मच
8 चम्मच प्रति 100 mL ÷ 2 चम्मच प्रति 100 mL = 4 गुना अधिक सांद्र
दूसरा विलयन: 50 mL में 4 चम्मच = 2 × 50 mL में 2 × 4 चम्मच = 100 mL में 8 चम्मच
8 चम्मच प्रति 100 mL ÷ 2 चम्मच प्रति 100 mL = 4 गुना अधिक सांद्र
ऐसा क्यों होता है: 2 और 4 की सीधी तुलना नहीं की जा सकती, क्योंकि नमक की ये दोनों मात्राएँ जल की भिन्न मात्राओं में बँटी हैं। दूसरे विलयन में नमक दुगुना है और जल आधा — अर्थात 2 × 2 = 4 गुना अधिक भीड़। पहला तनु विलयन है और दूसरा सांद्र।
संकेत: तनु और सांद्र सापेक्ष पद हैं — ये केवल यह बताते हैं कि दो विलयनों में किसमें प्रति इकाई आयतन अधिक विलेय है। ये यह नहीं बताते कि कोई विलयन संतृप्त है या नहीं।