चक्रवृद्ध्यंशः तादृशः वृद्ध्यंशः वर्तते यस्मिन् मूलधनेन सह वृद्ध्यंशस्य उपरि अपि वृद्ध्यंशः अर्ज्यते, येन कालान्तरेण धनस्य वृद्धिः अतिशीघ्रं भवति। (हिन्दी — चक्रवृद्धि ब्याज वह ब्याज है जिसमें मूलधन के साथ-साथ ब्याज पर भी ब्याज कमाया जाता है, जिससे समय बीतने पर धन की वृद्धि बहुत तेज़ी से होती है।)
यदि भवान् ₹1000 निवेशं करोति, तत्र 10% वार्षिकं वृद्ध्यंशम् अर्जयति —
प्रथमवर्षस्य अन्ते → आहत्य ₹1100
द्वितीयवर्षे ₹1000 इत्यस्य स्थाने ₹1100 राशेः उपरि वृद्ध्यंशं प्राप्स्यति → आहत्य ₹1210
| वर्षाणि | आरम्भिकधनम् | वार्षिकः वृद्ध्यंशः (10%) | चक्रवृद्ध्यंश-सहितं धनम् | साधारणवृद्ध्यंशेन सह धनम् |
|---|---|---|---|---|
| 1. | 1,000.00 | 100.00 | 1,100.00 | 1100 |
| 2. | 1,100.00 | 110.00 | 1,210.00 | 1200 |
| 3. | 1,210.00 | 121.00 | 1,331.00 | 1300 |
| 4. | 1,331.00 | 133.10 | 1,464.10 | 1400 |
| 5. | 1,464.10 | 146.41 | 1,610.51 | 1500 |
| 6. | 1,610.51 | 161.05 | 1,771.56 | 1600 |
| 7. | 1,771.56 | 177.16 | 1,948.72 | 1700 |
| 8. | 1,948.72 | 194.87 | 2,143.59 | 1800 |
| 9. | 2,143.59 | 214.36 | 2,357.95 | 1900 |
| 10. | 2,357.95 | 235.80 | 2,593.74 | 2000 |
सारः — निवेशितं मूलधनम् — 1,000 · वार्षिकः चक्रवृद्ध्यंशः — 10% · दशवर्षानन्तरं धनस्य मूल्यम् — 2,593.74