प्र1.
यथा — पाण्डुरङ्गः नामदेवस्य मित्रम् आसीत्। → पाण्डुरङ्गः कस्य मित्रम् आसीत् ?
उत्तर
प्रश्ननिर्माण का नियम — रेखाङ्कित पद जिस विभक्ति, लिङ्ग तथा वचन में है, प्रश्नवाचक शब्द भी ठीक उसी विभक्ति, लिङ्ग और वचन में रखिए; शेष वाक्य ज्यों का त्यों रहेगा।
| रेखाङ्कितं पदम् | विभक्तिः | प्रश्नवाचकः शब्दः |
|---|---|---|
| व्यक्तिवाचकः कर्ता (पुं.) | प्रथमा | कः |
| व्यक्तिवाचकः कर्ता (स्त्री.) | प्रथमा | का |
| कर्म (पुं. / स्त्री.) | द्वितीया | कम् / काम् |
| सम्बन्धः | षष्ठी | कस्य / कस्याः |
| अधिकरणम् (ब.व.) | सप्तमी | केषु / कासु |
उदाहरण की जाँच: ‘नामदेवस्य’ पुंलिङ्ग षष्ठी एकवचन है, अतः उसका प्रश्नवाचक भी षष्ठी एकवचन — ‘कस्य’। बाकी वाक्य ‘पाण्डुरङ्गः … मित्रम् आसीत्’ बिलकुल नहीं बदला — केवल अन्त में प्रश्नचिह्न लगा।