कक्षा ५ गणित अध्याय 10 सममितीय अभिकल्पनाएँ के लिए एनसीईआरटी समाधान
अद्यतन 2026-09-19
इस अध्याय के बारे में
सममिति रेखा मोड़ने की रेखा होती है। किसी चित्र पर एक रेखा खींचिए और कागज को उसी रेखा पर मोड़िए। यदि दोनों भाग ठीक एक-दूसरे पर बैठ जाएँ, तो वह रेखा सममिति रेखा है। जिस आकृति में ऐसी कम-से-कम एक रेखा हो, उसमें परावर्तन सममिति होती है — एक भाग दूसरे भाग का दर्पण-प्रतिबिंब होता है। इसीलिए आधा अक्षर ही काफ़ी है। अक्षर A में एक सममिति रेखा है, जो सीधी खड़ी है। इसलिए कागज को एक बार मोड़िए, मोड़ के साथ A का केवल आधा भाग बनाइए, काटिए और खोलिए। दूसरा आधा भाग मोड़ स्वयं बना देता है। प्रेम और मनु यही तरीका अपनाते हैं। दो रेखाएँ हों तो एक-चौथाई ही काफ़ी है। अक्षर H में दो सममिति रेखाएँ हैं — एक खड़ी (उर्ध्वाधर) और एक लेटी हुई (क्षैतिज)। कागज को दो बार मोड़िए, मोड़ के साथ H का केवल एक-चौथाई भाग बनाइए, काटिए और खोलिए। पूरा H मिल जाएगा। कुछ आकृतियाँ घुमाने पर भी वैसी ही दिखती हैं। आकृति को उसके केंद्र पर
त्वरित पुनरावृत्ति
| शब्द | अर्थ | कहाँ आया है | उदाहरण |
|---|---|---|---|
| सममिति | जब आकृति मोड़ने पर या घुमाने पर वैसी ही दिखे | अध्याय का शीर्षक, पृष्ठ 136 | तितली के दोनों पंख एक जैसे |
| सममिति रेखा | मोड़ने की रेखा — इस पर मोड़ने से दोनों भाग ठीक एक-दूसरे पर बैठते हैं | अक्षर कटआउट, पृष्ठ 136 | A के ठीक बीच से जाती रेखा |
| परावर्तन सममिति | आकृति में कम-से-कम एक सममिति रेखा हो; एक भाग दूसरे का दर्पण-प्रतिबिंब हो | पृष्ठ 136 | V, T, E, K, X, O |
| उर्ध्वाधर सममिति रेखा | सीधी खड़ी सममिति रेखा | पृष्ठ 136 | A, T, V, X, O |
| क्षैतिज सममिति रेखा | आर-पार लेटी हुई सममिति रेखा | पृष्ठ 136 | E, K, X, O |
| घूर्णन सममिति | पूरा घुमाव समाप्त होने से पहले ही आकृति का वैसा ही दिखना | पृष्ठ 138 | H, 1/2 घुमाव पर वैसा ही दिखता है |
| पूरा घुमाव | आकृति को पूरा चक्कर लगवाकर वहीं वापस लाना | पृष्ठ 137–138 | पूरे घुमाव के बाद फिरकी |
| 1/2 घुमाव | पूरे घुमाव का आधा — आकृति उलटी हो जाती है | पृष्ठ 138 | N, 1/2 घुमाव पर वैसा ही दिखता है |
| 1/4 घुमाव | पूरे घुमाव का एक-चौथाई | पृष्ठ 137 | फिरकी 1/4 घुमाव पर वैसी ही दिखती है |
| फिरकी (पवन-चक्की) | वर्गाकार कागज को काटकर और मोड़कर बनाई गई चरखी | आइए एक पवन-चक्की (फिरकी) बनाएँ, पृष्ठ 137 | पूरे घुमाव में 4 बार समान दिखती है |
| केंद्र | वह स्थिर बिंदु जिस पर आकृति घुमाई जाती है — पुस्तक में लाल बिंदु से दिखाया गया है | पृष्ठ 138 | अक्षर X का मध्य |
| ठप्पा छपाई (ब्लॉक प्रिंट) | राजस्थान का शिल्प — उत्कीर्ण लकड़ी के ठप्पे को रंग में डुबोकर कपड़े पर छापना | आइए अन्वेषण करें, पृष्ठ 140 | एक पत्ती वाला ठप्पा 4 बार छापा गया |
| अभिकल्पना (डिजाइन) | आकृतियों से बनाया गया चित्र या प्रतिरूप | अभिकल्पना बनाना, पृष्ठ 139 | वर्ग और त्रिभुज जोड़कर बनाई गई रचना |
अभ्यास
- अक्षर (एल्फाबेट) कटआउट
- आइए करके देखें
- आइए एक पवन-चक्की (फिरकी) बनाएँ
- अक्षरों को घुमाना
- आइए करके देखें
- अभिकल्पना (डिजाइन) बनाना
- आइए विचार करें
- आइए करके देखें
- आकृति में सममिति
- आइए अन्वेषण करें
- एक ब्लॉक से बनी छाप
- आइए करके देखें
- परियोजना कार्य