कक्षा ७ संस्कृत अध्याय 12 वीराङ्गना पन्नाधाया के लिए एनसीईआरटी समाधान
अद्यतन 2026-09-19
इस अध्याय के बारे में
भारतभूमि वीरों और त्यागियों की भूमि है; अथर्ववेद का वचन ‘माता भूमिः पुत्रोऽहं पृथिव्याः’ पाठ के आरम्भ में उद्धृत है। षोडश शतक में मेवाड के महाराणा सङ्ग्रामसिंह के दो पुत्र थे — विक्रमादित्यः और उदयसिंहः। पृथ्वीराज के अठारह पुत्रों में से एक बनवीर ने छल से विक्रमादित्य को मारकर मेवाड पर शासन किया और फिर उदयसिंह को मारने का कुतन्त्र रचा। धाय पन्नाधाया ने उदयसिंह के शयनस्थान पर अपने पुत्र चन्दन को सुला दिया; बनवीर ने चन्दन को उदयसिंह समझकर मार डाला। पन्नाधाया का निर्णय अकल्पनीय था — ‘व्यक्तिहितं न, राष्ट्रहितम् एव श्रेष्ठम्’ । कालान्तर में उदयसिंह ने बनवीर को मारकर मेवाड का राज्य पाया और उन्हीं के पुत्र हुए महाराणा प्रताप। व्याकरण — लङ्-लकार (भूतकाल) के पठ् धातु के नौ रूप, वचन-परिवर्तन, प्रश्ननिर्माण, सवर्णदीर्घ सन्धि तथा क्तवतु-प्रत्ययान्त पद।
त्वरित पुनरावृत्ति
| शब्दः | अर्थः (संस्कृतम्) | हिन्दी | English |
|---|---|---|---|
| त्यागधनानाम् | त्यागमूर्तीनाम् | बलिदानियों की | Of people who sacrifice everything |
| शत्रुनिबर्हणाः | अरिविनाशकाः | शत्रुओं का विनाशक | Destroyers of enemies |
| वीराङ्गनासु | वीरनारीषु | वीर नारियों में | Among brave women |
| स्वर्णिमाक्षरैः | सुवर्णाक्षरैः | सोने के अक्षरों से | With golden letters |
| छलेन | वञ्चनेन | कपट से | By deception |
| कुतन्त्रम् | कुचक्रम् | षड्यन्त्र | Evil plot |
| धाया | धात्री | धाय / दाई | Wet Nurse |
| आस्ताम् | अभवताम् | दो थे | Two were present |
| दुष्टबुद्धिः | दुर्बुद्धिः | दुष्ट बुद्धि वाला | Evil minded |
| शायितवती | शयनं कारितवती | सुलाया | Put to sleep |
| कल्पनातीतः | अकल्पनीयः | चिन्तन से परे | Beyond imagination |
| आचन्द्रार्कम् | सूर्यस्य चन्द्रस्य च अस्तित्व-पर्यन्तम् | जब तक सूर्य और चन्द्र हैं | As long as the sun and the moon are there |
| व्यक्तिहितम् | निजहितम् | स्वार्थ | Self interest |
| महत्तमम् | बहुषु श्रेष्ठम् | बहुतों में श्रेष्ठ | Best among the greats |
अभ्यास
- वयं शब्दार्थान् जानीमः
- उच्चैः पठन्तु, अवगच्छन्तु च
- वयं वाक्येषु लङ्लकारस्य प्रयोगं पठामः
- वयम् अभ्यासं कुर्मः
- वयम् अभ्यासं कुर्मः
- वयम् अभ्यासं कुर्मः
- वयम् अभ्यासं कुर्मः
- वयम् अभ्यासं कुर्मः
- वयम् अभ्यासं कुर्मः
- वयम् अभ्यासं कुर्मः
- योग्यताविस्तरः
- परियोजनाकार्यम्